कक्षा से करियर तक, विद्यार्थियों के भविष्य पर एसआरएचयू में मंथन


डोईवाला।
स्वामी राम हिमालयन विश्वविद्यालय (एसआरएचयू), जौलीग्रांट के स्कूल ऑफ मैनेजमेंट स्टडीज की पहल पर ‘प्रधानाचार्य सम्मेलन-2026’ का आयोजन किया गया। ‘शेपिंग टुमॉरो बिगिन्स टुडे’ थीम पर आयोजित सम्मेलन में उत्तराखंड के विभिन्न क्षेत्रों से 70 से अधिक विद्यालयों के प्रधानाचार्य और शिक्षाविद शामिल हुए। शिक्षा के बदलते स्वरूप, विद्यार्थियों की नई जरूरतों, राष्ट्रीय शिक्षा नीति तथा विद्यालय और विश्वविद्यालय के बीच बेहतर समन्वय को लेकर विचार-विमर्श हुआ। उद्घाटन सत्र में निदेशक माध्यमिक शिक्षा विनोद प्रसाद सेमल्टी मुख्य अतिथि और मुख्य शिक्षा अधिकारी देहरादून गोविंद राम जायसवाल विशिष्ट अतिथि रहे। एसआरएचयू अध्यक्ष डॉ. विजय धस्माणा और कुलपति डॉ. राजेंद्र डोभाल सहित शिक्षा जगत के प्रतिनिधि मौजूद रहे।
सम्मेलन में दो परिचर्चाओं के दौरान विद्यार्थियों के समग्र विकास, करियर मार्गदर्शन, कौशल विकास और भविष्य की शिक्षा व्यवस्था पर चर्चा हुई। वक्ताओं ने विद्यालय और उच्च शिक्षा संस्थानों के बीच निरंतर संवाद व सहयोग को विद्यार्थियों के बेहतर भविष्य के लिए जरूरी बताया। एसआरएचयू की ‘लाइफ का कंपस’ सोच के अनुरूप शिक्षा को केवल डिग्री और रोजगार तक सीमित न रखते हुए विद्यार्थियों की रुचि, क्षमता और जीवन के उद्देश्य के अनुरूप सही दिशा देने पर जोर दिया गया। एसएमएस निदेशक डॉ. तरुणा गौतम ने कहा कि सम्मेलन ने विद्यालय नेतृत्व और उच्च शिक्षा जगत को साझा मंच प्रदान किया, जहां आज की शिक्षा के माध्यम से बेहतर भविष्य की दिशा तय करने पर सार्थक संवाद हुआ।



